20 फरवरी के दिन अमेरिकी सिनेमाघरों में साइकोलॉजिकल थ्रिलर से भरपूर फिल्म ‘फिजिको किलर’ (Psycho Killer) रिलीज हुई थी। इस मूवी का निर्देशन ‘गैविन पोलोन‘ ने किया है।
फिल्म के मुख्य किरदारों में ‘जॉर्जिना कैंपबेल’ और ‘स्टीफन एडेकोलू’ देखने को मिलते हैं। इस मूवी की कुल लंबाई तकरीबन 1 घंटा 31 मिनट (91 मिनट) के भीतर है।
हालांकि अब इस फिल्म को रिलीज हुए कुछ समय बीत चुका है और जल्द ही यह ओटीटी (OTT) पर भी दस्तक देने वाली है। तो चलिए जानते हैं इस फिल्म की ओटीटी रिलीज डेट और इसका डिटेल मूवी रिव्यू।
फिजिको किलर (2026) फिल्म की स्टोरी
फिल्म की शुरुआत होती है, जेन आर्चर (जॉर्जिना कैंपबेल) और माइकल (स्टीफन एडेकोलू) नाम के दो हाईवे पेट्रोलिंग पुलिस ऑफिसर्स से। हालांकि, मैं आपको पहले ही बता दूं, कि आर्चर और माइकल दोनों पति-पत्नी भी हैं।
आम दिनों की तरह ही जब ये दोनों अपनी ड्यूटी की शुरुआत करते हैं, तो अचानक से एक अज्ञात कार उन्हें तेजी से हाईवे पर दौड़ती हुई दिखाई देती है। क्योंकि इन दोनों ऑफिर्स की ही यह ड्यूटी थी, कि हाईवे पूरी तरह सुरक्षित रहे और कोई भी असामान्य घटना ना हो।
इस वजह से माइकल उस गाड़ी को रोकता है। साथ ही वह उस अनजान कार के मालिक से उसकी कार के पेपर दिखाने के लिए बोलता है। लेकिन माइकल को यह अनजान शख्स काफी अजीब लग रहा था, क्योंकि भले ही वह उसके ठीक सामने गाड़ी के अंदर बैठा हुआ था, लेकिन फिर भी माइकल को उसकी शक्ल नजर नहीं आ रही थी।
और अगले ही पल माइकल का शक यकीन में तब बदल जाता है, जब उस अनजान गाड़ी में बैठा शख्स माइकल पर गोली चला देता है और हाईवे से तेजी से फरार हो जाता है। हालांकि माइकल की किस्मत अच्छी नहीं थी क्योंकि वह इस हमले के दौरान वो अपनी जान गंवा बैठता है।
भले ही माइकल की जान चली गई हो, लेकिन उसकी साथी और पत्नी ‘आर्चर’ उस हत्यारे को जान से मारने की कसम खा लेती है और अपनी तलाश को जारी रखती है।
यह फिजिको किलर ‘रिचर्ड जोशुआ रीव्स’ (जेम्स प्रेस्टन रोजर्स), माइकल को मारने के बाद भी रुकता नहीं है, बल्कि शहर में अलग-अलग लोगों की जान लेना शुरू कर देता है। जैसा कि वह ‘चार्ली ‘और उसकी गर्लफ्रेंड वाला फिल्म का वह सीन, जहां ये दोनों एक पेट्रोल पंप पर देर रात कार में तेल भरवाने के लिए रुकते हैं।
इसी बीच वह हत्यारा चार्ली की भी जान ले लेता है और इस सीन को देखकर समझ में आ जाता है कि यह किलर किसी न किसी पैटर्न को फॉलो कर रहा है, जैसे कि कोई पुराना बदला।
वहीं दूसरी ओर, जेन आर्चर के ऑफिस में मौजूद उसके बड़े ऑफिसर, उसे सलाह देते हैं कि वह इस दुर्घटना को भूल जाए और कुछ दिन घर पर ही शांति से समय बिताए। इसी बीच आर्चर को पता चलता है कि वह प्रेग्नेंट है और अपने स्वर्गीय पति के बच्चे की मां बनने वाली है।
इस दौरान आर्चर को ‘एजेंट बेकी कोलिन्स’ (ग्रेस डोव) द्वारा एक पब्लिक लाइब्रेरी का सीसीटीवी फुटेज भी मिलता है। इस फुटेज में वही किलर नजर आ रहा होता है, जो कि लाइब्रेरी में चोरी छिपे घुस रहा है।
इस मामले को देखने के बाद आर्चर वहां की लोकल पुलिस की भी मदद लेना शुरू करती है। क्योंकि अब कंसास (Kansas) राज्य के इन ग्रामीण हाईवेज और छोटे छोटे मिडवेस्टर्न कस्बों में भी मर्डर्स का यही सिलसिला शुरू हो चुका था ।
क्योंकि यह साइको किलर अपने चेहरे पर एक ऐसा मास्क लगाए रखता था जिसका इस्तेमाल न्यूक्लियर फैसिलिटीज में मौजूद लोग करते हैं, यही वजह थी कि यह शातिर अपराधी अपने चेहरे को छुपाए रखने में हर बार कामयाब हो जाता था।
क्या यह हत्यारा पुलिस के चंगुल में फंस जाएगा?
क्या यह साइको किलर पुलिस का ही सताया हुआ कोई आम आदमी है?
या फिर असल में यह किलर किसी कल्ट से जुड़ा हुआ है?
इन सभी बड़े सवालों के जवाब जानने के लिए आपको देखनी होगी फिल्म ‘फिजिको किलर’।
कैसा है मूवी का निर्देशन
फिजिको किलर का डायरेक्शन गैविन पोलोन ने किया है, जो मुझे काफी एवरेज क्वालिटी का महसूस हुआ। क्योंकि फिल्म में भले ही बैकग्राउंड म्यूजिक और थ्रिलर से लेकर सस्पेंस तक क्रिएट करने की कोशिश हर तरह से की गई हो,
लेकिन फिर भी फिजिको किलर मूवी उस तरह का माहौल बिल्कुल भी क्रिएट नहीं कर पाती, जैसा कि किसी साइको किलर वाले सब्जेक्ट पर बनी फिल्में किया करती हैं।
मूवी की बड़ी कमियां
मूवी फिजिको किलर में एक सीन दिखाई देता है जहां यह फिजिको किलर शहर से दूर एक अनजान बंगले में जाता है, जहां उसे बहुत सारे अजीबोगरीब लोग मिलते हैं। हालांकि यकीन मानिए भले ही इस सीन को काफी रहस्यमयी बनाने की कोशिश की गई हो,
लेकिन फिर भी यह काफी बी-ग्रेड क्वालिटी का महसूस होता है। या फिर अगर मैं साफ शब्दों में कहूं, तो फिल्म की स्टोरी का एग्जीक्यूशन काफी कमजोर है।
फिल्म फिजिको किलर में बेवजह कुछ एडल्ट सीन डाले गए हैं, और मेरे हिसाब से इन न्यूड सीन्स को दिखाने की बिल्कुल भी जरूरत नहीं थी। अगर इन्हें ना भी दिखाया जाता, तो भी इसकी स्टोरी पर कुछ खास फर्क नहीं पड़ता।
क्या है अच्छाइयां
फिजिको किलर की आवाज काफी प्रभावशाली महसूस होती है, और मुझे लगता है कि यही इस फिल्म की एक ऐसी कड़ी है, जो आपको इसे अंत तक देखने के लिए बांधकर रखती है। क्योंकि आप जानना चाहते हैं, कि आखिर यह फिजिको किलर दिखाई कैसा देता है, यानी उसका चेहरा कैसा है।
फिल्म फिजिको किलर में एक खास तरह का कल्ट, यानी एक सीक्रेट सोसाइटी को भी दिखाया गया है। इसके लीडर ‘मिस्टर पेंडलटन’ (मैल्कम मैकडॉवेल) और ‘मार्विन’ (लोगान मिलर) हैं। ये किरदार भी स्टोरी में अहम रोल निभाते हैं, जो शैतान की पूजा करते हैं।
हालांकि यह उस तरह की कम्युनिटी भले ही ना हो जैसी ‘इलुमिनाटी’ होती है, लेकिन फिर भी यह कुछ-कुछ इलुमिनाटी जैसी ही फील देती है। कुल मिलाकर इस सोसाइटी वाले सभी सीन काफी इंगेजिंग हैं।
जेन आर्चर के किरदार में नजर आने वाली अभिनेत्री ‘जॉर्जीना’ ने फिल्म में काफी बेहतरीन एक्टिंग की है। उनके चेहरे पर जिस तरह से अपने पति को खोने का भाव और गुस्सा एक साथ दिखाई देता है, वह लाजवाब है।
ओटीटी रिलीज़ डेट:
Psycho Killer नाम की यह अमेरिकी फिल्म, जल्द ही अपना 30 दिनों का ग्रेस पीरियड ख़तम करने के बाद, सम्भवता ‘हुलु’ जैसे ओटीटी पर उपलभद कराई जा सकती है। वहीँ अगर बात करें इसके भारतीय ओटीटी रिलीज़ की, तो यह इण्डिया में ‘JIOHOTSTAR’ पर देखने को मिल सकती है।
निष्कर्ष: देखें या छोड़ें?
अगर आप साइकोलॉजिकल फिल्में देखना पसंद करते हैं, तो ‘फिजिको किलर’ मूवी को एक बार रिकमेंड कर सकते हैं। हालांकि अगर आप इस फिल्म को ज्यादा एक्सपेक्टशंस के साथ देखेंगे,
तब यह आपकी उम्मीदों पर बिल्कुल भी खरी नहीं उतरेगी। साथ ही, फिल्म में कुछ एडल्ट सीन भी मौजूद हैं, जिस वजह से इसे फैमिली के साथ ना देखें।
READ MORE
Subedaar OTT Release Date: अनिल कपूर का राउडी लुक, जानिए कब होगा ओटीटी पर रिलीज़









